DRI ने मिजोरम और असम में 50 किलोग्राम मेथामफेटामाइन जब्त किया, चार गिरफ्तार
राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) ने 29 और 30 अक्टूबर 2026 को मिजोरम और असम में दो अभियानों में 50 किलोग्राम मेथामफेटामाइन जब्त किया और NDPS अधिनियम के तहत चार लोगों को गिरफ्तार किया। यह कार्रवाई पूर्वोत्तर में सीमा पार नशीली दवाओं की तस्करी से जुड़े नेटवर्क पर असर डालती है।
आपके लिए इसका मतलब
यह कार्रवाई सीधे आम लोगों से जुड़ी नहीं है — इसमें किसी से कोई आवेदन या भुगतान नहीं मांगा गया है। यह खबर इसलिए उपयोगी है कि सरकारी एजेंसियां सीमा पार से आने वाली सिंथेटिक नशीली दवाओं पर कार्रवाई कर रही हैं। अगर आपको कहीं संदिग्ध तस्करी की जानकारी मिले तो पुलिस या संबंधित एजेंसी को बताएं।
मुख्य बातें
- कुल 50 किलोग्राम मेथामफेटामाइन जब्त — 30 किलोग्राम गोलियां (याबा) और 20 किलोग्राम क्रिस्टल मेथ
- 29 अक्टूबर 2026: आइजोल-चंफाई रोड पर बोलेरो कैंपर से 30 किलोग्राम गोलियां बरामद
- 30 अक्टूबर 2026: सिलचर से लगभग 40 किमी दूर धोलाई में ट्रक से 20 किलोग्राम क्रिस्टल मेथ बरामद
- NDPS अधिनियम, 1985 के तहत चार लोग गिरफ्तार, तीन वाहन जब्त
- प्रारंभिक जांच के अनुसार दवाओं की तस्करी म्यांमार से की गई थी
क्या हुआ
राजस्व खुफिया निदेशालय (DRl) ने मिजोरम और असम में लगातार दो अभियान चलाए। इनमें कुल 50 किलोग्राम मेथामफेटामाइन जब्त किया गया। इसमें 30 किलोग्राम गोलियां (याबा) और 20 किलोग्राम क्रिस्टल मेथामफेटामाइन शामिल है। NDPS अधिनियम, 1985 के तहत चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है और तीन वाहन जब्त किए गए हैं।
पहला अभियान
29 अक्टूबर 2026 को DRl अधिकारियों ने असम राइफल्स की मदद से आइजोल-चंफाई रोड पर आइजोल के बाहरी इलाके में एक महिंद्रा बोलेरो कैंपर रोका। तलाशी में 30 ईंट के आकार के पैकेट मिले, जिनमें गुलाबी-नारंगी गोलियां थीं और वजन 30 किलोग्राम था। ये पैकेट एक ऑफिस की मेज के अंदर बने खास खाने में छिपाए गए थे। सूचना के मुताबिक, तस्करी छिपाने के लिए फर्नीचर को कवर कार्गो बनाना एक नया तरीका है।
दूसरा अभियान
30 अक्टूबर 2026 को एक और अभियान में अधिकारियों ने सिलचर से लगभग 40 किमी दूर धोलाई में एक अशोक लीलैंड ट्रक और एक बोलेरो कैंपर रोका। ट्रक से 20 पैकेट क्रिस्टल मेथामफेटामाइन बरामद हुए, जिनका वजन 20 किलोग्राम था। पैकेट ड्राइवर के केबिन के ऊपर छिपाए गए थे और विदेशी निशान वाले चाय के पैकेट में पैक किए गए थे। फील्ड परीक्षण में बरामद पदार्थ में एम्फ़ैटेमिन की मौजूदगी का संकेत मिला।
पहले की बरामदगी
यह कार्रवाई DRl द्वारा पूर्वोत्तर में हाल ही में 232 किलोग्राम और 56 किलोग्राम मेथामफेटामाइन की दो बड़ी बरामदगी के बाद हुई है। सूचना के अनुसार, ये लगातार बरामदगी सीमा पार सिंथेटिक नशीली दवाओं की तस्करी के पैमाने को दिखाती हैं।
आम लोगों के लिए क्या मतलब
इस खबर में आम नागरिकों के लिए कोई आवेदन, भुगतान या समय-सीमा नहीं बताई गई है। यह सरकारी एजेंसी की कार्रवाई की जानकारी है। DRl ने कहा है कि वह संगठित नशीली दवाओं की तस्करी के नेटवर्क को रोकने और सिंथेटिक दवाओं के प्रसार को रोकने के लिए काम कर रहा है।
सवाल-जवाब
DRI ने कितनी मेथामफेटामाइन जब्त की?
कुल 50 किलोग्राम। इसमें 30 किलोग्राम गोलियां (याबा) और 20 किलोग्राम क्रिस्टल मेथामफेटामाइन शामिल है।
कितने लोग गिरफ्तार हुए हैं?
चार लोग गिरफ्तार किए गए हैं। यह गिरफ्तारी NDPS अधिनियम, 1985 के प्रासंगिक प्रावधानों के तहत हुई है।
यह कार्रवाई कहां हुई?
मिजोरम और असम में। पहला अभियान आइजोल के बाहरी इलाके में और दूसरा सिलचर से लगभग 40 किमी दूर धोलाई में हुआ।
तस्करी कहां से आई थी?
प्रारंभिक जांच से संकेत मिलता है कि जब्त दवाओं की तस्करी म्यांमार से की गई थी।
क्या आम लोगों को कुछ करना है?
नहीं। इस सूचना में आम लोगों के लिए कोई आवेदन, भुगतान या समय-सीमा नहीं बताई गई है।
स्रोत: PIB, "डीआरआई ने म्यांमार से जुड़े मादक पदार्थों की तस्करी के नेटवर्क को बड़ा झटका दिया; पूर्वोत्तर में 50 किलोग्राम मेथामफेटामाइन की गोलियों और क्रिस्टल मेथ की भारी खेप जब्त की गई; चार गिरफ्तार", 30 अक्टूबर 2026. मूल सूचना देखें
आधिकारिक सूचना से मिलाया: 30 अक्टूबर 2026. यह ख़बर आधिकारिक सूचना से AI की मदद से लिखी गई और प्रकाशन से पहले संपादक ने जाँची। गलती बताएँ