रक्षा खडसे ने ऑल-वुमन कोचेस कोर्स को संबोधित किया, महिला कोचिंग पर ज़ोर
केंद्रीय युवा कार्यक्रम एवं खेल राज्य मंत्री रक्षा खडसे ने 24 अक्टूबर 2026 को नई दिल्ली में AITA ACE 2032 पहल के तहत ऑल-वुमन कोचेस कोर्स को संबोधित किया। इसका असर खेलों में कोच बनने की सोच रखने वाली महिलाओं और लड़कियों पर पड़ता है।
आपके लिए इसका मतलब
यह कार्यक्रम सीधे आम लोगों के लिए कोई नई योजना या आवेदन की तारीख नहीं देता। इसका मतलब यह है कि खेलों में महिलाओं के लिए कोचिंग, खेल विज्ञान, प्रशासन और इवेंट मैनेजमेंट जैसे पेशेवर कामों को बढ़ावा देने की बात कही गई है। अगर आप या आपकी बेटी टेनिस या किसी खेल में कोचिंग को करियर बनाना चाहती है, तो इस तरह के कोर्स और खेलो इंडिया से जुड़े केंद्रों की जानकारी रखें।
मुख्य बातें
- कार्यक्रम 24 अक्टूबर 2026 को नई दिल्ली के DLT A टेनिस स्टेडियम में हुआ
- यह AITA की ACE 2032 पहल के तहत आयोजित ऑल-वुमन कोचेस कोर्स था
- पहल MYAS और SAI के सहयोग से शुरू की गई है
- अस्मिता महिला लीग 2021 में शुरू हुई और तीन लाख से अधिक महिलाओं तक पहुंची है
- 10 दिसंबर से बेंगलुरु में कोर्स शुरू करने की संभावना पर चर्चा हुई, जिसमें CHP कोर्स के लिए 16 खिलाड़ियों का चयन होगा
क्या हुआ
केंद्रीय युवा कार्यक्रम एवं खेल राज्य मंत्री रक्षा खडसे ने 24 अक्टूबर 2026 को नई दिल्ली के दिल्ली लॉन टेनिस एसोसिएशन (DLTA) टेनिस स्टेडियम में ऑल-वुमन कोचेस कोर्स को संबोधित किया। यह कोर्स ऑल इंडिया टेनिस एसोसिएशन (AITA) की ACE 2032 पहल के तहत आयोजित किया गया था।
मंत्री ने खेलों में महिलाओं के लिए अवसर बढ़ाने की बात कही — जमीनी स्तर पर भागीदारी और कोचिंग से लेकर उच्च-स्तरीय प्रतिस्पर्धा और नेतृत्व तक।
यह पहल क्या है
विज्ञप्ति के अनुसार यह पहल युवा कार्यक्रम और खेल मंत्रालय (MYAS) तथा भारतीय खेल प्राधिकरण (SAI) के सहयोग से शुरू की गई है। इसका उद्देश्य कोच शिक्षा, प्रतिभा की पहचान और उच्च-स्तरीय प्रशिक्षण के बीच संबंध मजबूत करना है।
कार्यक्रम में DLTA अध्यक्ष रोहित राजपाल, AITA के कोचिंग निदेशक कंवलजीत सिंह, डेविस कप कोच आशुतोष सिंह, AITA के मानद सचिव सुंदर अय्यर, कोषाध्यक्ष दिनेश अरोड़ा और कोच राधिका कानितकर शामिल हुईं।
मंत्री ने क्या कहा
मंत्री ने कहा कि एक प्रमुख खेल राष्ट्र बनने का भारत का लक्ष्य प्रतिभाओं की जल्दी पहचान करने और यह सुनिश्चित करने पर निर्भर है कि महिलाओं और लड़कियों को योग्य कोच, उपयुक्त बुनियादी ढांचा, नियमित प्रतियोगिताएं और लगातार सहयोग मिले।
उन्होंने कहा कि खेल प्रतिभाएं ग्रामीण, आदिवासी, अर्ध-शहरी और शहरी — सभी तरह के समुदायों में मौजूद हैं। उन्होंने यह भी कहा कि महिलाओं के लिए अवसर सिर्फ खेल के मैदान तक सीमित न हों, बल्कि कोचिंग, खेल विज्ञान, प्रशासन और कार्यक्रम प्रबंधन जैसी भूमिकाओं में भी मिलें।
अस्मिता महिला लीग का ज़िक्र
चर्चाओं में खेलो इंडिया ढांचे के तहत चलने वाली अस्मिता महिला लीग की भूमिका पर भी बात हुई। विज्ञप्ति के अनुसार 2021 में शुरू हुई यह लीग तीन लाख से अधिक महिलाओं तक पहुंच चुकी है।
साथ ही जमीनी स्तर की पहलों को खेलो इंडिया केंद्रों, मान्यता प्राप्त अकादमियों और सेंटर्स ऑफ एक्सीलेंस से जोड़ने की ज़रूरत पर ज़ोर दिया गया।
कोचिंग में महिलाओं की भागीदारी
इस कोर्स का एक मुख्य उद्देश्य योग्य महिला कोचों की संख्या बढ़ाना और अलग-अलग राज्यों में कोचिंग शिक्षा तथा प्रमाणन तक पहुंच बढ़ाना बताया गया। विज्ञप्ति के अनुसार कोचिंग में महिलाओं की अधिक भागीदारी लड़कियों को खेलों में हिस्सा लेने के लिए प्रोत्साहित कर सकती है।
कार्यक्रम में 10 दिसंबर से बेंगलुरु में एक कोर्स शुरू करने की संभावना पर भी चर्चा हुई, जिसके तहत CHP कोर्स के लिए 16 खिलाड़ियों का चयन किया जाएगा।
आगे क्या
विज्ञप्ति में आम लोगों के लिए कोई आवेदन प्रक्रिया, पात्रता या तारीख नहीं दी गई है। इसमें सिर्फ यह बताया गया है कि यह पहल 2036 के लिए भारत के खेल लक्ष्यों और विकसित भारत @2047 के दृष्टिकोण में योगदान देने की कोशिश करती है।
सवाल-जवाब
ऑल-वुमन कोचेस कोर्स क्या है?
यह AITA ACE 2032 पहल के तहत केवल महिलाओं के लिए कोच प्रशिक्षण पाठ्यक्रम है। इसका उद्देश्य योग्य महिला कोचों की संख्या बढ़ाना और कोचिंग शिक्षा तथा प्रमाणन तक पहुंच बढ़ाना है।
इस कोर्स में कैसे दाखिला मिलेगा?
विज्ञप्ति में दाखिले की कोई प्रक्रिया या तारीख नहीं बताई गई है। इसमें सिर्फ इतना कहा गया है कि 10 दिसंबर से बेंगलुरु में एक कोर्स शुरू करने की संभावना पर चर्चा हुई, जिसमें CHP कोर्स के लिए 16 खिलाड़ियों का चयन किया जाएगा।
अस्मिता महिला लीग क्या है?
यह खेलो इंडिया ढांचे के तहत चलने वाली महिला लीग है, जो 2021 में शुरू हुई। विज्ञप्ति के अनुसार यह लीग तीन लाख से अधिक महिलाओं तक पहुंच चुकी है।
क्या इससे आम लड़कियों को सीधा फ़ायदा होगा?
विज्ञप्ति में किसी सीधी योजना या पैसे की बात नहीं है। इसमें महिलाओं के लिए कोचिंग, खेल विज्ञान, प्रशासन और इवेंट मैनेजमेंट जैसे पेशेवर अवसर बढ़ाने की बात कही गई है।
इस पहल का मकसद क्या बताया गया है?
इसका मकसद कोच शिक्षा, प्रतिभा की पहचान और उच्च-स्तरीय प्रशिक्षण को आपस में जोड़ना है। विज्ञप्ति के अनुसार यह पहल 2036 के खेल लक्ष्यों और विकसित भारत @2047 की दिशा में योगदान देने की कोशिश करती है।
स्रोत: PIB, "केंद्रीय राज्य मंत्री रक्षा खडसे ने ऑल-वुमन कोचेस कोर्स में भारतीय खेलों में महिलाओं के लिए और बेहतर रास्ते बनाने का आह्वान किया", 24 अक्टूबर 2026. मूल सूचना देखें
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