# ICAR और कृषि अनुसंधान विभाग ने 'विशेष अभियान 6.0' तेज किया, परिसरों में सफाई और कचरा प्रबंधन पर ज़ोर

URL: https://kasba.co.in/story/icar-and-agriculture-research-department-speed-up-vishesh-ab
Language: hi · Section: Nation · Published: 2026-10-31
Source: PIB, "कृषि अनुसंधान एवं शिक्षा विभाग/भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद ने 'विशेष अभियान 6.0' को और तेज किया; इसके तहत संस्थानों में साफ-सफाई, स्थायी अपशिष्ट प्रबंधन और बेहतर कार्यालय वातावरण को बढ़ावा दिया", 2026-10-31, https://pib.gov.in/PressReleaseIframePage.aspx?PRID=2330912

कृषि अनुसंधान एवं शिक्षा विभाग और भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (ICAR) ने 31 अक्टूबर 2026 को बताया कि 'विशेष अभियान 6.0' के तहत अपने संस्थानों में सफाई और कचरा प्रबंधन के काम तेज किए गए हैं। इसका असर मुख्य रूप से इन संस्थानों के परिसरों और आसपास के इलाकों पर पड़ता है।

## आपके लिए इसका मतलब

यह अभियान ICAR और कृषि अनुसंधान विभाग के अपने कार्यालयों और संस्थानों के परिसरों के बारे में है, इसलिए आम लोगों को कोई फॉर्म भरने या आवेदन करने की ज़रूरत नहीं है। जिन इलाकों में ये संस्थान हैं, वहाँ परिसर और आसपास की सड़कों पर सफाई, कचरे को अलग करने और पौधारोपण जैसे काम हो रहे हैं। कुछ परिसरों में नि:शुल्क चिकित्सा शिविर भी लगाए गए हैं।

## मुख्य बातें

- अभियान का नाम 'विशेष अभियान 6.0' है, जिसे कृषि अनुसंधान एवं शिक्षा विभाग और ICAR चला रहे हैं।
- काम में कचरे को अलग करना, उसका सही निपटान, दोबारा उपयोग और ई-कचरा प्रबंधन शामिल है।
- देश भर की सभी शाखाओं में स्वच्छता अभियान चलाया जा रहा है।
- संस्थान अपने परिसर और आसपास के गंदे इलाकों की पहचान कर उन्हें साफ कर रहे हैं।
- कई परिसरों में नि:शुल्क चिकित्सा शिविर लगाए गए और सफाई मित्रों को सम्मानित किया जा रहा है।
- खेतों और परिसर के आसपास की सड़कों पर बड़े पैमाने पर सफाई अभियान चलाया गया।

## क्या हुआ है

कृषि अनुसंधान एवं शिक्षा विभाग और भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (ICAR) 'विशेष अभियान 6.0' चला रहे हैं। 31 अक्टूबर 2026 की सरकारी विज्ञप्ति के अनुसार इस अभियान को और तेज किया गया है। इसके तहत संस्थानों के कार्यालय परिसरों में साफ-सफाई और सुधार के काम किए जा रहे हैं।

ICAR देश में कृषि से जुड़ी शोध और शिक्षा देखने वाली संस्था है। यह अभियान उसके अपने संस्थानों और कार्यालयों के परिसरों के बारे में है।

## किन कामों पर ज़ोर है

विज्ञप्ति के मुताबिक अभियान में कचरे को अलग-अलग करना और उसका सही तरीके से निपटान करना, इस्तेमाल लायक चीजों का दोबारा उपयोग करना और लोगों में जागरूकता फैलाना शामिल है। इन गतिविधियों में रिकॉर्ड प्रबंधन, डिजिटलीकरण, पौधारोपण, पर्यावरण के अनुकूल तरीके अपनाना, कबाड़ का निपटान, ई-कचरा प्रबंधन और कार्यालय परिसर में सुधार जैसे काम भी हैं।

संस्थान अपने परिसर और उसके आसपास की उन जगहों की पहचान कर रहे हैं जहाँ गंदगी ज्यादा है, और उन्हें साफ करने की कोशिश कर रहे हैं। खेतों और परिसर के आसपास की सड़कों पर बड़े पैमाने पर सफाई अभियान चलाया गया। धातु और प्लास्टिक के कचरे को सामान्य कचरे से अलग रखने पर खास ध्यान दिया गया।

## किसे फ़ायदा होगा

विज्ञप्ति के अनुसार देश भर की सभी शाखाओं में स्वच्छता अभियान चलाया जा रहा है और नागरिकों के लिए बेहतर सुविधाएं देने पर भी काम हो रहा है। संस्थानों के अधिकारी लोगों को स्वच्छता के महत्व के बारे में बताने के लिए जागरूकता शिविर भी लगा रहे हैं।

कई परिसरों में नि:शुल्क चिकित्सा शिविर भी लगाए गए। साथ ही सफाई मित्रों को सम्मानित करने की परंपरा भी जारी है। विज्ञप्ति में कहा गया है कि कार्यालय के अंदर और परिसर के बाहर, हर स्तर के अधिकारियों का स्वच्छता कार्यों में हिस्सा लेना सराहनीय है।

## क्या बदला है

विज्ञप्ति के मुताबिक गलियारों को विशेष रूप से साफ और व्यवस्थित किया गया, जिससे काम करने का वातावरण अधिक स्वच्छ और सुव्यवस्थित हो गया है। 'स्वच्छता विशेष अभियान 6' ने कचरे के जिम्मेदार प्रबंधन और कार्यस्थल के आसपास स्वच्छता बनाए रखने को बढ़ावा दिया है।

विज्ञप्ति में केंद्रीय शीतोष्ण बागवानी संस्थान, ICAR, श्रीनगर का ज़िक्र भी है, जहाँ सफाई से पहले और बाद की तस्वीरें, ई-अपशिष्ट प्रबंधन और 'कचरे से संपदा' से जुड़ी तस्वीरें दी गई हैं।

## आम लोगों को क्या करना है

इस अभियान में आम लोगों के लिए कोई आवेदन, फॉर्म या आखिरी तारीख नहीं बताई गई है। जिन इलाकों में ये संस्थान हैं, वहाँ के लोग परिसर और आसपास की सड़कों पर हो रही सफाई से जुड़े बदलाव देख सकते हैं। ज़्यादा जानकारी के लिए कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय की ओर से जारी इस विज्ञप्ति को देखा जा सकता है।

## सवाल-जवाब

**विशेष अभियान 6.0 क्या है?**
यह कृषि अनुसंधान एवं शिक्षा विभाग और ICAR का सफाई अभियान है। इसके तहत संस्थानों के परिसरों में सफाई, कचरा प्रबंधन और कार्यालय वातावरण सुधारने के काम हो रहे हैं।

**क्या आम लोगों को इसके लिए आवेदन करना है?**
नहीं, इस अभियान में आम लोगों के लिए कोई आवेदन या फॉर्म नहीं बताया गया है। यह मुख्य रूप से संस्थानों के परिसरों और उनके आसपास के इलाकों में चलने वाला सफाई कार्यक्रम है।

**अभियान में कौन-कौन से काम हो रहे हैं?**
कचरे को अलग करना और निपटाना, दोबारा उपयोग, ई-कचरा प्रबंधन, कबाड़ का निपटान, रिकॉर्ड प्रबंधन, डिजिटलीकरण, पौधारोपण और पर्यावरण के अनुकूल तरीके अपनाना शामिल है।

**क्या इस अभियान में चिकित्सा शिविर भी लग रहे हैं?**
हाँ, कई परिसरों में नि:शुल्क चिकित्सा शिविर लगाए गए हैं। साथ ही सफाई मित्रों को सम्मानित करने की परंपरा भी जारी है।

**इस अभियान की जानकारी कहाँ मिलेगी?**
जानकारी कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय की ओर से जारी सरकारी विज्ञप्ति में दी गई है। इसमें संस्थानों के परिसरों की सफाई से पहले और बाद की तस्वीरें भी दी गई हैं।

कस्बा डेस्क, Kasba. यह रोज़मर्रा की सूचना आधिकारिक स्रोत से AI की मदद से लिखी गई और अपने-आप छपी; संपादक इसे छपने के बाद जाँचते हैं।
