# डिजीदुकान: किराना दुकानों की डिजिटल खरीद पर पीयूष गोयल की अध्यक्षता में चिंतन शिविर

URL: https://kasba.co.in/story/digidukaan-piyush-goyal-chairs-chintan-shivir-on-digitising
Language: hi · Section: Money · Published: 2026-10-31
Source: PIB, "वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री श्री पीयूष गोयल ने व्यापार के डिटिलीकरण पर चिंतन शिविर की अध्यक्षता की", 2026-10-30, https://pib.gov.in/PressReleaseIframePage.aspx?PRID=2330741

केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने 30 अक्टूबर 2026 को नई दिल्ली में ONOC डिजीदुकान पर 'भारत कॉमर्स चिंतन शिविर' की अध्यक्षता की। इसका असर किराना दुकानदारों और FMCG कंपनियों के वितरकों पर पड़ सकता है, आम ग्राहकों पर सीधा नहीं।

## आपके लिए इसका मतलब

यह बैठक मुख्य रूप से किराना दुकानदारों, FMCG कंपनियों और उनके वितरकों से जुड़ी है। आम ग्राहकों को इससे कोई सीधा फ़ायदा या काम नहीं करना है। अगर आप किराना दुकान चलाते हैं, तो डिजीदुकान जैसे डिजिटल खरीद मंच से जुड़ने की जानकारी स्थानीय व्यापार संघ या संबंधित वितरक से ले सकते हैं।

## मुख्य बातें

- बैठक 30 अक्टूबर 2026 को नई दिल्ली के वाणिज्य भवन में हुई।
- इसमें FMCG कंपनियों के 40 से अधिक लीडर्स शामिल हुए।
- सितंबर 2026 तक डिजीदुकान हैदराबाद, जयपुर और मुंबई में 21,000 से अधिक खुदरा विक्रेताओं को 450 से अधिक ब्रांडों से जोड़ चुका है।
- पिछली तिमाही में यह संख्या 12,000 से अधिक थी।
- हैदराबाद में 16,000 से अधिक खुदरा विक्रेता जुड़े, जहाँ मासिक रिपीट ऑर्डरिंग दर 73-78% है।
- सर्वे में शामिल 40% खुदरा विक्रेताओं ने डिजीदुकान से खरीदे उत्पादों के लिए कम इन्वेंट्री रखने की बात कही।

## क्या हुआ

केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री श्री पीयूष गोयल ने 30 अक्टूबर 2026 को नई दिल्ली के वाणिज्य भवन में 'भारत कॉमर्स चिंतन शिविर' नाम की एक उच्च स्तरीय सीईओ गोलमेज बैठक की अध्यक्षता की। यह बैठक उद्योग संवर्धन और आंतरिक व्यापार विभाग (DPIIT) तथा ओपन नेटवर्क फॉर डिजिटल कॉमर्स (ONOC) ने आयोजित की थी।

बैठक में बड़ी FMCG कंपनियों के 40 से अधिक लीडर्स एक साथ आए। चर्चा का मुख्य विषय था ONOC के मंच 'डिजीदुकान' के ज़रिए देश के जनरल ट्रेड यानी किराना और खुदरा कारोबार को मजबूत करना और उसके डिजिटलीकरण का साझा रोडमैप तैयार करना।

## डिजीदुकान क्या है

डिजीदुकान किराना दुकानदारों को खरीदार के रूप में डिजिटल बनाता है। एक ही डिजिटल इंटरफ़ेस पर दुकानदार अलग-अलग ब्रांडों, वितरकों और थोक विक्रेताओं से उत्पाद खोज सकते हैं और ऑर्डर कर सकते हैं, साथ ही कीमतों, ट्रेड स्कीम और उत्पाद की उपलब्धता की साफ़ जानकारी पा सकते हैं।

विज्ञप्ति के अनुसार यह पहल मौजूदा वितरण संबंधों को बदलने के बजाय उन्हें मजबूत करने के लिए बनाई गई है। इसका मकसद खरीद की जटिलता और लागत कम करना है।

## कितने दुकानदार जुड़े

सितंबर 2026 तक डिजीदुकान ने हैदराबाद, जयपुर और मुंबई में 450 से अधिक ब्रांडों के साथ 21,000 से अधिक खुदरा विक्रेताओं को जोड़ा है। पिछली तिमाही में यह संख्या 12,000 से अधिक थी।

हैदराबाद में 16,000 से अधिक खुदरा विक्रेता जुड़ चुके हैं, जहाँ मासिक रिपीट ऑर्डरिंग दर 73-78% बताई गई है। ONOC के एक शुरुआती रिटेलर अध्ययन में सर्वे में शामिल 40% खुदरा विक्रेताओं ने कहा कि डिजीदुकान से खरीदे गए उत्पादों के लिए उन्हें कम इन्वेंट्री रखनी पड़ी।

## बैठक में किन बातों पर चर्चा हुई

बैठक में पाँच मुख्य क्षेत्रों पर विचार-विमर्श हुआ। इनमें किराना खुदरा विक्रेताओं के लिए साझा डिजिटल पहचान बनाना, साझा लॉजिस्टिक्स और माइक्रो-वेयरहाउसिंग ढाँचा खड़ा करना, और डिजिटल खरीद से जुड़े वित्तीय समाधानों के ज़रिए औपचारिक ऋण तक पहुँच बढ़ाना शामिल है।

इसके अलावा प्लग-एंड-प्ले डिस्ट्रीब्यूटर मैनेजमेंट सिस्टम (DMS) कनेक्टर्स, मानकीकृत कैटलॉग और साझा डिजिटल इंटरफ़ेस से तकनीकी जुड़ाव आसान बनाने पर भी बात हुई। प्रतिभागियों ने FMCG कंपनियों, बिक्री टीमों, वितरकों और चैनल भागीदारों के लिए वाणिज्यिक प्रोत्साहनों को फिर से तय करने पर भी विचार किया।

## किसे फ़ायदा होगा

विज्ञप्ति के अनुसार इस पहल का लक्ष्य किराना दुकानों की प्रतिस्पर्धात्मकता बढ़ाना और आपूर्ति-श्रृंखला की दक्षता सुधारना है। राष्ट्रीय व्यापारी कल्याण बोर्ड (NTWB) श्री सुनील जे. सिंघी की अध्यक्षता में ONOC के साथ मिलकर डिजीदुकान को अपनाने में तेजी लाने पर काम कर रहा है।

आम ग्राहकों के लिए इस विज्ञप्ति में कोई सीधा काम या फ़ायदा नहीं बताया गया है। यह मामला मुख्य रूप से दुकानदारों, वितरकों और कंपनियों से जुड़ा है।

## सवाल-जवाब

**डिजीदुकान क्या है?**
डिजीदुकान ONOC का एक मंच है जो किराना दुकानदारों को खरीदार के रूप में डिजिटल बनाता है। इससे दुकानदार एक ही डिजिटल इंटरफ़ेस पर कई ब्रांडों, वितरकों और थोक विक्रेताओं से कीमत, ट्रेड स्कीम और उपलब्धता देखकर ऑर्डर कर सकते हैं।

**डिजीदुकान किन शहरों में चल रहा है?**
सितंबर 2026 तक डिजीदुकान हैदराबाद, जयपुर और मुंबई में काम कर रहा है। इन तीन शहरों में 21,000 से अधिक खुदरा विक्रेता 450 से अधिक ब्रांडों से जुड़े हैं।

**क्या इससे आम ग्राहकों को कोई फ़ायदा होगा?**
विज्ञप्ति में आम ग्राहकों के लिए कोई सीधा फ़ायदा या काम नहीं बताया गया है। यह पहल किराना दुकानदारों की खरीद और आपूर्ति व्यवस्था को डिजिटल बनाने से जुड़ी है।

**क्या किराना दुकानदारों को डिजीदुकान से कर्ज मिल सकता है?**
विज्ञप्ति के अनुसार डिजीदुकान एक साझा डिजिटल आधार बनाता है जिससे खुदरा विक्रेता आगे चलकर साझा लॉजिस्टिक्स, औपचारिक ऋण और अन्य सेवाओं तक पहुँच पा सकें। फिलहाल कर्ज की कोई शर्त या तारीख नहीं बताई गई है।

**राष्ट्रीय व्यापारी कल्याण बोर्ड इस में क्या कर रहा है?**
राष्ट्रीय व्यापारी कल्याण बोर्ड ONOC के साथ मिलकर किराना खुदरा विक्रेताओं के बीच डिजीदुकान को अपनाने में तेजी लाने पर काम कर रहा है। यह स्थानीय व्यापार संघों को जोड़ने और खुदरा विक्रेताओं की भागीदारी बढ़ाने पर केंद्रित है।

कस्बा डेस्क, Kasba. यह रोज़मर्रा की सूचना आधिकारिक स्रोत से AI की मदद से लिखी गई और अपने-आप छपी; संपादक इसे छपने के बाद जाँचते हैं।
